Pages

ads

Sunday, 15 July 2018

भाजपा की सरकार एमपी में चौथी बार मेरे ही नेतृत्व में बनेगी: शिवराज सिंह चौहान


भाजपा की सरकार एमपी में चौथी बार मेरे ही नेतृत्व में बनेगी: शिवराज सिंह चौहान


मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि मध्यप्रदेश में लगातार चौथी बार भाजपा की सरकार उनके ही नेतृत्व में बनेगी. इंदौर में शिवराज ने कहा कि 2008 और 2013 में भी जन आशीर्वाद यात्रा की थी, लेकिन 2018 की यात्रा में जो जनसहयोग और आशीर्वाद मिला वो पहले से अलग था. उन्होंने कहा कि जब उन्हें सत्ता मिली तब ना तो इंफ्रास्ट्रक्चर था और ना ही बिजली, पानी और सड़कें थी. उन्होंने कहा कि उन्हें विरासत में बीमारू राज्य मिला था, जिसे विकासशील राज्य की ओर अग्रसर किया है.
मुख्यमंत्री  ने कहा कि कृषि विकास दर को 20 फीसदी तक ले गए हैं. उन्होंने कहा कि फिर चौथी बार उनके नेतृत्व में भाजपा की ही सरकार बनेगी. कानून और व्यवस्था पर उन्होंने कहा कि पहले प्रदेश में डकैतों का आतंक था, दस्यु गिरोह थे, नक्सलवाद था. उसे लगभग समाप्त कर दिया गया. उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने कानून को माखौल बनाने वाले लोगों के लिए सख्त से सख्त सजा का प्रावधान किया है.
चौहान ने कहा कि सतना की घटना हो या मंदसौर की घटना हो, वो मेरी भी बेटियां है. उन्होंने कांग्रेस की महाकाल को चिट्ठी पर कहा कि महाकाल चिट्ठियों से प्रसन्न नहीं होते वे सेवा से प्रसन्न होते हैं. उन्होंने कहा कि मुझे शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में काफी काम करना है. कुछ व्यवस्था ठीक कर दी है. उन्होंने कहा कि सातवें वेतनमान के बाद अब शिक्षकों की तनख्वाह बढ़ जाएगी.
सीएम शिवराज ने कहा कि स्वास्थ्य को लेकर सरकार काम कर रही है, इसके लिए प्रदेश में सात मेडिकल कॉलेज खोले जा रहे है. दतिया के बाद अब सतना, छतरपुर और सिवनी में भी अस्पताल शुरू किये जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि पूरे मालवा में नर्मदा का पानी पहुंचाया जाएगा और मावल को नंदन वन बनाया जाएगा.
कांग्रेस पर हमला बोलते हुए सीएम शिवराज ने कहा कि कांग्रेस के नादान मित्र नहीं जानते कि सरकार लोगों की सुविधा के लिए कर्ज लेती है. कर्ज लेकर विकास करने को ही पूरी दुनिया में आदर्श माना जाता है. उन्होंने कहा कि कांग्रेस के जमाने में 100 रुपये पर 22 रुपये ब्याज देना पड़ता था, लेकिन अब सौ रुपये पर मात्र 8 रुपये ही ब्याज देना पड़ता है.

No comments:
Write comments

Recommended Posts × +